सोहन गिरी ने मणिपुर की समृद्ध स्वदेशी सांस्कृतिक विरासत को बताया भारत की अमूल्य धरोहर

नई दिल्ली , मणिपुरी कलाकारों को राष्ट्रीय स्तर पर सम्मान मिलने के अवसर पर राष्ट्रहित सर्वोपरि संगठन के संस्थापक एवं राष्ट्रीय अध्यक्ष सोहन गिरी ने मणिपुर की समृद्ध, विविधतापूर्ण और ऐतिहासिक स्वदेशी सांस्कृतिक विरासत को रेखांकित किया।

सोहन गिरी ने कहा कि मणिपुर केवल अपनी प्राकृतिक सुंदरता के लिए ही प्रसिद्ध नहीं है, बल्कि यहां की पीढ़ियों से चली आ रही नृत्य, संगीत, लोककला, रंगमंच, लोक परंपराएं, हस्तशिल्प, हथकरघा, पारंपरिक उत्सव और सामुदायिक सांस्कृतिक परंपराएं इसकी विशिष्ट पहचान हैं।

“मणिपुर की संस्कृति जीवंत विरासत है”

सोहन गिरी ने कहा कि मणिपुर की स्वदेशी सांस्कृतिक परंपराएं भारत की जीवंत सांस्कृतिक विरासत का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। इन्हें केवल सराहना तक सीमित नहीं रखा जाना चाहिए, बल्कि इनका संरक्षण, दस्तावेजीकरण और अगली पीढ़ी तक हस्तांतरण भी आवश्यक है।

उन्होंने कहा, “मणिपुर की स्वदेशी संस्कृति भारत की सभ्यतागत विविधता की अमूल्य धरोहर है। हमारी जिम्मेदारी केवल इस विरासत की प्रशंसा करना नहीं, बल्कि इसे संरक्षित करना, इसके कलाकारों और परंपराओं के संवाहकों का सम्मान करना तथा युवा पीढ़ी को इससे जोड़ना भी है।”

 

कलाकार संस्कृति के सच्चे संवाहक

 

सोहन गिरी ने राजकुमारी थंबल्सना देवी, लौरेम्बम बेदाबती देवी और इरेंगबम नलिनी देवी को संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार प्राप्त करने पर बधाई दी।

 

उन्होंने कहा कि कलाकार समाज के सांस्कृतिक संवाहक और प्रतिनिधि होते हैं। उनके माध्यम से संगीत, नृत्य और लोककला के साथ-साथ पीढ़ियों से चली आ रही स्मृतियां, परंपराएं और सांस्कृतिक मूल्य भी आगे बढ़ते हैं।

 

उन्होंने मणिपुर के नर्तकों, संगीतकारों, कलाकारों, शिल्पकारों और अन्य सांस्कृतिक कर्मियों के योगदान की सराहना करते हुए कहा कि बदलते समय के बावजूद ये लोग अपनी परंपराओं को जीवित रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।

 

युवा पीढ़ी को संस्कृति से जोड़ने पर जोर

 

सोहन गिरी ने मणिपुर की स्वदेशी सांस्कृतिक परंपराओं के संरक्षण के लिए उन्हें व्यवस्थित रूप से दस्तावेजीकृत करने, युवाओं को पारंपरिक कला एवं संगीत से जोड़ने तथा कलाकारों और शिल्पकारों को सम्मानजनक आर्थिक अवसर उपलब्ध कराने की आवश्यकता पर जोर दिया।

 

उन्होंने कहा कि सांस्कृतिक विरासत तभी जीवित रह सकती है, जब उसके वास्तविक संवाहकों को सम्मान, अवसर और प्रोत्साहन मिले।

इस अवसर पर संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार से सम्मानित लौरेम्बम बेदाबती देवी जी ने सोहन गिरी, राष्ट्रहित सर्वोपरि संगठन के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष एम. इंद्रजीत सिंह तथा Prayaan Aviation Services के Managing Director राम गोस्वामी को पारंपरिक मणिपुरी अंगवस्त्र पहनाकर सम्मानित किया।

 

कार्यक्रम में राष्ट्रहित सर्वोपरि संगठन के साप्ताहिक प्रकाशन ‘वार्तापत्रम्’ का भी अनावरण किया गया।

 

यह अवसर मणिपुर की कला, संस्कृति और स्वदेशी परंपराओं के सम्मान के साथ-साथ भारत की “विविधता में एकता” की भावना को भी प्रतिबिंबित करने वाला रहा।

 

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