प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय की राजगांगपुर शाखा द्वारा ’10 करोड़ नशा मुक्त प्रतिज्ञा महाअभियान’ के तहत एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस गौरवमयी सभा में शहर के अनेक गणमान्य अतिथियों, समाजसेवियों और स्थानीय नागरिकों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। कार्यक्रम की आयोजक एवं राजगांगपुर शाखा की संचालिका, 1.आदरणीय ब्रह्माकुमारी वीणा दीदी ने उपस्थित सभी लोगों को ‘नशा मुक्त भारत’ बनाने का दृढ़ संकल्प कराया। उन्होंने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि आज का युवा वर्ग नशीली चीजों की लत में पड़कर अपना अमूल्य जीवन बर्बाद कर रहा है।
इन युवाओं को बचाना और उन्हें सही दिशा देना हम सभी का परम कर्तव्य है। स्थानीय 2.समाजसेवी आदरणीय भ्राता कमल अग्रवाल जी ने अपने उद्बोधन में युवा समाज को नशे के चंगुल से मुक्त होने की अपील की। उन्होंने कहा कि बच्चों को इस लत से बचाने के लिए माता-पिता को उनके साथ अधिक समय बिताना चाहिए और लगातार उनका सही मार्गदर्शन करना चाहिए।
राजगांगपुर
3. सीनियर सिटीजन एसोसिएशन के भ्राता जगत नारायण जी ने अपने जीवन का प्रेरक अनुभव साझा किया। उन्होंने बताया कि कैसे एक समय वे नशे के आदी थे, लेकिन एक दिन उन्होंने अपने जीवन को नई दिशा देने का संकल्प लिया। उस दिन के बाद से उन्होंने कभी किसी नशीली चीज को हाथ नहीं लगाया। उनका यह जीवंत अनुभव सभा में मौजूद सभी लोगों के लिए प्रेरणादायी रहा।सभा को संबोधित करते हुए
4. आदरणीय बहन शांतिलता बेहेरा जी ने ‘गुड नशा और बैड नशा’ के बीच का अंतर समझाया। उन्होंने कहा कि नशीली चीजों का बुरा नशा छोड़कर, समाज सेवा और अच्छे कर्मों का ‘अच्छा नशा’ अपने जीवन में लाएं।वहीं
5. आदरणीय बहन अनिता अग्रवाल ने भी समाज को नशा मुक्त बनाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि जब तक हम स्वयं में बदलाव नहीं लाएंगे, तब तक समाज नहीं बदलेगा। ‘स्व-परिवर्तन से ही विश्व-परिवर्तन’ संभव है। इस पूरे कार्यक्रम का
6. कुशल मंच संचालन ब्रह्माकुमारी बिप्लवी दीदी ने किया। कार्यक्रम के अंत में उन्होंने सभा में आए सभी अतिथियों और नागरिकों का आभार व्यक्त करते हुए धन्यवाद ज्ञापन किया। इस महाअभियान में ब्रह्माकुमारी परिवार के सदस्यों सहित नगर के सैकड़ों प्रबुद्ध जनों ने भाग लिया और जीवनभर नशे से दूर रहने की सामूहिक प्रतिज्ञा की।

