शिवमहापुराण प्रवचन तपोभूमि मारवाड़ी क्लब में। बालव्यास पंडित श्रीकांत शर्मा बोले आसरा लेना है तो परमात्मा का लो
नन्द किशोर जोशी, एक्जिक्यूटिव एडिटर क्रांति ओडिशा मीडिया
सोलहवीं कड़ी

महाशिवपुराण प्रवचन में बालव्यास पंडित श्रीकांत जी शर्मा बोले कि आसरा लेना है तो परमात्मा का लो ।सहारा परमात्मा का लो।शरीर कोयले की तरह है,कोयले को जितना भी धोने से कुछ नहीं होता है। भजन की आग लगने से हम ठीक होते हैं।
महादेव ने संसार की सबसे ज्यादा सुंदर गौशाला बनवायी।सारे देवता मां भगवती के दरवाजे पर भीख मांगते हैं। देवियों की महिमा अपरंपार है।कालीका पुराण में लिखा है कि शिव राधा बने , पार्वती कृष्ण बने ।नारी की पीड़ा को समझने के लिए भगवान शंकर ने ऐसा किया।
शालीग्राम के अंदर कीड़ा होता है, लेकिन छेद नहीं होता है। शालीग्राम को तोड़ने पर ऐसा मालूम होता है।सती ब्रह्मा, विष्णु, महेश पर शासन कर सकती है। पार्वती के तेज से तुलसी का जन्म हुआ। सरस्वती के तेज से आंवला का जन्म हुआ। भगवान तुलसी के अंदर वास करने लगे। क्रमशः


