प्रेरणा रैली के साथ मुनिवृंद का तेरापंथ भवन में मंगल चातुर्मासिक प्रवेश
कटक, युगप्रधान आचार्यश्री महाश्रमणजी के सुशिष्य मुनिश्री मोहजीतकुमारजी ठाणा-3 का रविवार को तेरापंथ भवन, कटक में मंगलमय चातुर्मासिक प्रवेश हुआ। इससे पूर्व मोहनलालजी सिंघी के निवास से प्रेरणा रैली निकाली गई, जिसमें ज्ञानशाला के ज्ञानार्थी, प्रशिक्षिकाएँ, कन्याएँ, महिला मंडल, किशोर मंडल तथा तेरापंथ युवक परिषद, तेरापंथ सभा, अणुव्रत समिति एवं अन्य संघीय संस्थाओं के पदाधिकारी और कार्यकर्ता उत्साहपूर्वक सहभागी बने।
स्वागत-अभिनंदन समारोह को संबोधित करते हुए मुनिश्री मोहजीतकुमार जी ने कहा कि चातुर्मास आत्मरंजन का पर्व है। यह उत्साह, उमंग, श्रद्धा, भक्ति, संयम और संवर का मंगल अवसर है। उन्होंने कहा कि चातुर्मास बाह्य मनोरंजन का नहीं, बल्कि आत्मरंजन और आत्मजागरण का पावन पर्व है। आज यह परिसर बाहर से अंतर्जगत के आमोद-प्रमोद एवं अध्यात्म-चेतना के जागरण का केंद्र बने। उन्होंने कहा कि पूज्यप्रवर की दृष्टि और इंगित की आराधना करते हुए हम उनके संदेश को जन-जन तक पहुँचा रहे हैं। आचार्य भिक्षु के जन्म त्रिशताब्दी वर्ष में यदि भिक्षु चेतना जागृत हो जाए तो ज्ञान, दर्शन और चारित्र की त्रिवेणी प्रवाहित होगी। उन्होंने कहा कि हम तीनों संत तीनों आचार्यों की निधियाँ हैं। स्वस्थ एवं प्रसन्न रहते हुए शासन-प्रभावना का पुरुषार्थ हमारा लक्ष्य होना चाहिए।
मुनिश्री भव्यकुमार जी ने चातुर्मास के करणीय कार्यों की रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए तप, त्याग और साधना से जीवन को आप्लावित करने का आह्वान किया। वहीं मुनिश्री जयेशकुमार जी ने कहा कि भाग्यशाली वे हैं जिन्हें अवसर मिलता है, बुद्धिमान वे हैं जो अवसर का सृजन करते हैं और विजयी वे होते हैं जो अवसर का सदुपयोग करते हैं। चातुर्मास ऐसा ही अनुपम अवसर है।
प्रातः 8:51 बजे मुनिवृंद ने मंगल मंत्रोच्चारण के साथ सभाध्यक्ष एवं श्रावक समाज से अनुज्ञा प्राप्त कर चातुर्मासिक प्रवास हेतु तेरापंथ भवन में मंगल प्रवेश किया।
कार्यक्रम का शुभारंभ नमस्कार महामंत्र के संगान से हुआ। सभा संरक्षक श्री मोहनलालजी सिंघी, सभा अध्यक्ष श्री मुकेश कुमारजी सेठिया, तेरापंथ महिला मंडल अध्यक्षा श्रीमती सुनीता बैंगानी, तेरापंथ युवक परिषद अध्यक्ष श्री शशिजी चौरड़िया, अणुव्रत समिति अध्यक्ष श्री संतोषजी सिंघी, भवन समिति अध्यक्ष श्री चैनरूपजी चौरड़िया, ज्ञानशाला संयोजिका श्रीमती वर्षा मरोठी, ज्ञानशाला उड़ीसा-झारखंड आंचलिक प्रभारी श्री बच्छराजजी बेताला, रांची सभा अध्यक्ष श्री अमरचंदजी बैंगानी, भुवनेश्वर सभा मंत्री श्री वीरेंद्रजी बेताला, राउरकेला सभा मंत्री श्री विकासजी जैन, अखिल भारतीय तेरापंथ महिला मंडल कार्यसमिति सदस्य श्रीमती सुशीला सेठिया, कटक-भुवनेश्वर टीपीएफ अध्यक्ष श्री विपिनजी जैन तथा उपासिका श्रीमती उषा चौरड़िया सहित विभिन्न संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने स्वागत भाव व्यक्त किए।
दिगंबर समाज के श्री कमलजी धनावत, मूर्तिपूजक संघ के श्री नरेंद्रजी कोचर, स्थानकवासी समाज के श्री नरेशजी खटोड़ तथा मारवाड़ी समाज के श्री विजयजी खंडेलवाल ने भी मुनिवृंद का स्वागत किया। श्री पानमलजी नाहटा, श्रीमती इंद्रा लूणिया, श्रीमती बबीता कोठारी एवं श्रीमती धारिणी लोढ़ा ने अपने भाव व्यक्त किए। महिला मंडल, किशोर मंडल तथा ज्ञानशाला के बच्चों ने आकर्षक प्रस्तुतियाँ दीं। कार्यक्रम का कुशल संचालन श्री हनुमानमलजी सिंघी ने किया। यह समाचार श्रीमती पुष्पा सिंघी
मीडिया प्रभारी, श्री जैन श्वेताम्बर तेरापंथी सभा, कटक से प्राप्त हुआ ।

