दिल्ली पुलिस के हाथ कोक्रोंचा का टूल किट
विपक्ष का नुक़सान,मोदी का संसद में काम आसान
नन्द किशोर जोशी
एक्जिक्यूटिव एडिटर
क्रांति ओडिशा मीडिया
कल के कोक्रोचों के संसद चलो अभियान में विपक्षी दल बड़े उत्साह से शामिल हुए।सभी विपक्षी दलों की अपनी अपनी डफ़ली थी और अपना अपना राग था।यह अब सबको अच्छे से पता चल गया है कि इन कोक्रोचों को जंतर-मंतर पर बैठाया गया था केजरीवाल के द्वारा। केजरीवाल ही इसके स्क्रिप्ट राइटर हैं।उनका साथ दिया मनीष सिसोदिया ने। उन्होंने अपने शिष्य अभिजित दीपके को अमेरिका से बुलाकर कोक्रोच बनाया,कोक्रोच जनता पार्टी का गठन करवाया।
कोक्रोच अभिजित दीपके को अमेरिका से ही डीप स्टेट का साथ मिल गया था।बस यहां भारत में अमेरिका, केजरीवाल के इशारे पर दिल्ली में फेक ,हिंसात्मक आंदोलन खडा करके भारत सरकार को और विशेषकर मोदी को घेरना था, बदनाम करना था। जंतर-मंतर पर केजरीवाल, अमेरिकी डीप स्टेट की पटकथा के अनुसार पिछले महीने से कार्य बढ़िया चल रहा था।

केजरीवाल आजकल पंजाब के चुनाव को लेकर खासे परेशान दिखाई दे रहे हैं।एक तो आम आदमी पार्टी ने वहां जबरदस्त भ्रष्टाचार किया है, दूसरे मुख्यमंत्री मान को अकालतख्त ने तनखैया घोषित किया है। पंजाब में आप ने कोई भी विकास का कार्य किया नहीं,उपर से वहां 7 महीने पश्चात विधानसभा चुनाव है।
केजरीवाल का मानना है कि पंजाब में उसका मुकाबला कांग्रेस से होगा अगले विधानसभा चुनाव में। इसलिए केजरीवाल और राहुल में आजकल जबरदस्त ठनी हुई है।एक दूसरे को नीचा दिखाने की कोशिश में लगे हुए हैं। ऐसे में केजरीवाल के निशाने पर नंबर एक पर हैं कांग्रेस, राहुल। केजरीवाल अच्छे से समझ गए हैं कि मोदी के खिलाफ बनारस में लोकसभा चुनाव लड़कर देख लिया,बुरी तरह से हार हुई 2014 में। दिल्ली में भी मोदी ने पिछले विधानसभा चुनाव में केजरीवाल को जबरदस्त शिकस्त दी।अतएव चालाक केजरीवाल मोदी को छोड़कर विपक्ष के नेता राहुल के पीछे पड़े हैं, जिससे भाजपा के सामने मुख्य विपक्षी दल बन जायें राष्ट्रीय स्तर पर और तत्काल प्रभाव से पंजाब विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को भी शिकस्त दे सकें।

सपा नेता अखिलेश यादव का मानना है कि कैसे भी हो आगामी यूपी विधानसभा चुनाव में योगी को हरा सकें और मुख्यमंत्री गद्दी पर बैठ जायें। उन्होंने मीडिया की सुर्खियां बटोरने के लिए अपने सारे सांसद दिल्ली की सड़कों पर उतारे तथाकथित कोक्रोचों के संसद चलो अभियान में।
ऐसे में कांग्रेस ने मीडिया की सुर्खियां बटोरने के लिए पहले से ही दिल्ली में छात्रों की गूंज कार्यक्रम का आयोजन किया था।जब राहुल को खबर लगी संसद में कि आप प्रायोजित संसद मार्च मीडिया में छा गया है। संसद से सांसदों को लेकर भाग खड़े हुए राहुल। प्रधानमंत्री मोदी के आवास के बाहर नौटंकी किये धरना प्रदर्शन की , मीडिया में सुर्खियां बटोरने की। ठीक उसी समय अखिलेश यादव भी राहुल के पीछे पीछे भागे और उसी बस में सवार हो गये जिसमें राहुल तमाम कांग्रेसी लोगों के साथ बैठे थे।

राहुल के इस ड्रामे को आप सांसद संजय सिंह ने छात्रों,कोक्रोचों के साथ विश्वासघात बताया और मोदी राहुल की मैच फिक्सिंग बताया।वह इसलिए कि पंजाब चुनाव सामने है जहां उनका मुकाबला कांग्रेस से है।
अब सारी घटनाओं को ठीक से अगर समीक्षा की जाये तो एक बात समझ में आती है कि मोदी जी की आदत है ठंडा करके खाने की। इसलिए कोक्रोचों को,उनके आकाओं को मोदी ने पहले लंबी डोर दी नाचने कूदने के लिए, जिससे कोक्रोच और उनके आका खुद उसमें फंस जायें और बिना किसी खून खराबे के मामला आराम से निपट जाए।
ठीक इसीलिए मोदी ने कोक्रोच नेता अभिजित दीपके को दिल्ली हवाई अड्डे पर उतरते ही जंतर-मंतर पर धरना देने के लिए पर्मिशन दे दिया बिना मांगे ।कल संध्या भी बिना पर्मिशन कोक्रोच जंतर-मंतर पर धरना दिये , सरकार कुछ नहीं बोली।
अब खबरें आ रही है कि कल के हिंसात्मक प्रदर्शन में जिन लोगों की सक्रिय भूमिका रही , उनके सारे सिसिटिवि कैमरों को दिल्ली पुलिस खंगाल रही है,सारी टूल किट मोटे तौर पर पकड़ में आगयी है।देशी विदेशी भारत द्रोहियों का षड्यंत्र सामने आने वाला है। केजरीवाल, कांग्रेस,सपा नेताओं की कलई देश वासियों के सामने खुलने वाली है।तब मीडिया की जो सुर्खियां बनेगी सारे विपक्षियों पर भारी पड़ने वाली है।
अब संसद में एफसिआरए कानून संशोधन,डीलीमिटेशन, महिला आरक्षण में दो-तिहाई समर्थन बिलों पर आराम से समर्थन जुटा लेंगे।ये बिल आगे जाकर देश के विकास में बहुत बड़ा योगदान करेंगे।


