कटक, भगवान महावीर के 2625वें जन्म कल्याणक के पावन अवसर पर शहर में श्रद्धा, भक्ति और उत्साह का अनुपम वातावरण देखने को मिला। प्रातःकाल भव्य शोभा यात्रा का शुभारंभ चौधरी बाजार स्थित जैन मंदिर से हुआ, जो अहिंसा भवन बाखराबाद के पश्चात मुख्य मार्गों से होते हुए तेरापंथ भवन, काठगड़ा साही पहुँची। वहाँ पहुँचकर शोभा यात्रा भगवान महावीर की अभ्यर्थना सभा में परिवर्तित हो गई।
इस अवसर पर दिगम्बर समाज, स्थानकवासी समाज एवं तेरापंथ समाज ने संयुक्त रूप से कार्यक्रम का आयोजन किया। कार्यक्रम परम पूजनीय 108 मुनि श्री सुतीर्थसागर जी के पावन सान्निध्य में संपन्न हुआ। समाज के सभी वर्गों – महिलाओं, पुरुषों एवं बच्चों, युवाओं ने बड़ी संख्या में भाग लेकर भगवान महावीर के सिद्धांतों अहिंसा, सत्य और करुणा का संदेश जन-जन तक पहुँचाया।
शोभा यात्रा में गीतिकाओं एवं धार्मिक नारों से वातावरण गूंजायमान रहा। अभ्यर्थना सभा में मुनि श्री ने अपने प्रेरणा पाथेय में सभी को वीर प्रभु के आदर्शों को अपनाने व उनके बताए मार्ग पर चलकर समाज में शांति और सद्भाव बनाए रखने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम संयोजक दिगम्बर समाज के अध्यक्ष श्री कमल जी धनावत, स्थानकवासी समाज के अध्यक्ष श्री नरेश जी खटोड़, तेरापंथी सभा के अध्यक्ष श्री मुकेश जी सेठिया व अन्यान्य वक्ताओं ने अपने विचारों को व्यक्त किया। महिलाओं ने सुमधुर गीतिकाएं व ज्ञानशाला के बच्चों ने रोचक नाटिका प्रस्तुत की। कार्यक्रम का कुशल संचालन सभा के उपमंत्री श्री सुनील जी कोठारी ने किया।
प्रत्येक वर्ष की भाँति इस वर्ष भी महावीर जयंती उत्सव पूरे उत्साह, श्रद्धा और अनुशासन के साथ मनाया गया, जिसने शहरवासियों के हृदय में आध्यात्मिक ऊर्जा का संचार किया। इस अवसर पर अन्यान्य सामाजिक कार्य भी संपादित किए गए।

