ओबेसिटी यानी मोटापे की समस्या से निपटने के लिए हमारे प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का दृष्टिकोण बिल्कुल सही है: ल्यूक कॉउटिन्हो

हमारे माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ओबेसिटी यानी मोटापे की समस्या से निपटने के अपने दृष्टिकोण…

वित्त वर्ष 2024-25 में जनवरी, 2025 तक भारत सरकार की मासिक लेखा समीक्षा

जनवरी, 2025 तक भारत सरकार का मासिक लेखा समेकित कर इसकी रिपोर्ट प्रकाशित कर दी गई है।…

राष्ट्रीय जलमार्ग (जेट्टी/टर्मिनलों का निर्माण) अधिनियम, 2025; आईडब्ल्यूटी क्षेत्र में निजी क्षेत्र को नए अवसर मिलेंगे

अवसंरचना ढांचे के विकास को बढ़ाने और व्यापार करने में सुगमता में सुधार करने के लिए…

केन्द्रीय बजट के बाद “कृषि और ग्रामीण समृद्धि” पर वेबिनार का आयोजन किया जाएगा

कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय शनिवार को “कृषि एवं ग्रामीण समृद्धि” पर एक दिवसीय पोस्ट-बजट वेबिनार…

डिजाइन भारत के विरासत और भविष्य के विकास की कुंजी है : केंद्रीय वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल

केंद्रीय वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने कहा है कि डिजाइन केवल सौंदर्य शास्त्र के…

ममता बनर्जी का २०२६ में केजरीवाल की तरह जाना तय -इंजीनियर श्याम सुंदर पोद्दार। भूतपूर्व महामंत्री जादवपुर विश्व विद्यालय स्टूडेंट्स यूनियन

केजरीवाल ने पहला व दूसरा चुनाव ब्यवस्था परिवर्तन वाले कार्य कर्तावों के सहारे जीता दूसरा चुनाव…

यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (यूपीआई) दूसरे देशों को भारतीय अनुभव से सीखने का अवसर देता है – प्रोफेसर कार्लोस मोंटेस, कैम्ब्रिज बिजनेस स्कूल

प्रोफेसर कार्लोस मोंटेस, जो कल भारत मंडपम में एनएक्सटी कार्यक्रम में हिस्सा लेने और भाषण के लिए भारत के दौरे पर हैं, को आज यूपीआई प्रणाली के कामकाज और उपलब्धियों के बारे में जानकारी दी गई। प्रोफेसर कार्लोस कैंब्रिज यूनिवर्सिटी बिजनेस स्कूल में इनोवेशन हब फॉर प्रॉस्पेरिटी का नेतृत्व करते हैं। भारत में यूपीआई की कार्यप्रणाली, सफलता और रुझानों के बारे में डीएफएस और एनपीसीआई टीम की ओर से प्रोफेसर कार्लोस मोंटेस को यूपीआई पर एक प्रस्तुति दी गई। ब्रीफिंग में, श्री सुधीर श्याम (आर्थिक सलाहकार) और श्री जिग्नेश सोलंकी (निदेशक) सहित वित्तीय सेवाएं विभाग (डीएफएस), वित्त मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। यूनिवर्सिटी ऑफ कैंब्रिज बिजनेस स्कूल के इनोवेशन हब के लीड प्रोफेसर कार्लोस मोंटेस ने कहा, यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (यूपीआई) अन्य देशों को भारतीय अनुभव से सीखने और इसे अपने देशों में अपनाने के बारे में विचार करने का अवसर देता है। पहली बार, जनवरी, 2025 के महीने में यूपीआई लेन-देन की संख्या 16.99 बिलियन से अधिक हो गई और मूल्य ₹23.48 लाख करोड़ से अधिक हो गया, जो किसी भी महीने में दर्ज किया गया सबसे बड़ा आंकड़ा है। प्रदर्शन देखने के बाद प्रोफेसर मोंटेस ने कहा कि उन्हें…

सरकार ने आधार प्रमाणीकरण अनुरोधों के लिए अनुमोदन प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए आधार सुशासन पोर्टल शुरू किया

इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (एमईआईटीवाई) ने आज आधार प्रमाणीकरण अनुरोधों के लिए अनुमोदन प्रक्रिया को सरल…

प्रधानमंत्री ने आयुष क्षेत्र की समीक्षा हेतु एक उच्चस्तरीय बैठक की अध्यक्षता की

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने समग्र कल्याण एवं स्वास्थ्य संबंधी देखभाल, पारंपरिक ज्ञान को संरक्षित करने और…

लोकसभा अध्यक्ष ने समाजिक बुराइयों को मिटाने के लिए सामूहिक प्रयास का आह्वान किया

लोक सभा अध्यक्ष ओम बिरला ने समाज में व्याप्त बुराइयों को समाप्त करने के लिए सामूहिक…