ईश्वर एवं गुरु एक ही हैं। गुरु अर्थात ईश्वर का साकार रूप एवं ईश्वर अर्थात गुरु…
Category: ओडिशा
भुवनेश्वर -कटक ट्विन सिटि खबरें
१-जाजपुर जिले में १० हजार करोड़ रुपयों की काले पत्थरों की कालाबाजारी की गयी २-सारे ओडिशा…
ओडिशा मौसम समाचार लघुचाप सक्रिय,२२ जुलाई तक तेज वर्षा
भुवनेश्वर, राज्य मौसम विभाग ने सूचना दी है कि आगामी २२ जुलाई तक राज्य में लघुचाप…
संजय शर्मा सिएमएस प्रेसिडेंट , केवल चुनावी औपचारिकता बाकी
संजय शर्मा सिएमएस प्रेसिडेंट केवल चुनावी औपचारिकता बाकी विशिष्ट संवाददाता पिछले डेढ़ महीने से ऐतिहासिक नगरी…
श्री फैज अहमद किदवई ने वर्षा सिंचित क्षेत्रों में भूमिहीन, छोटे एवं मझौले किसानों के विकास को प्राथमिकता देने वाले नीतिगत सुधारों का आह्वान किया
कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के राष्ट्रीय वर्षा सिंचित क्षेत्र प्राधिकरण (एनआरएए) ने आज नई दिल्ली…
हमें ऐसी दृष्टि को अपनाना होगा जिसमें यह विकास आर्थिक, सामाजिक और पर्यावरण अनुकूल भी हो: श्री कमलेश पासवान
केंद्रीय ग्रामीण विकास राज्य मंत्री श्री कमलेश पासवान ने सुषमा स्वराज भवन नई दिल्ली में आयोजित…
रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने पिछले 7 वर्षों के दौरान ‘ऑपरेशन नन्हे फरिश्ते’ के तहत 84,119 बच्चों को बचाया
पिछले सात वर्षों में, रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ‘नन्हे फरिश्ते’ नामक एक ऑपरेशन में अग्रणी रहा है। यह एक मिशन जो विभिन्न भारतीय रेलवे जोनों में पीड़ित बच्चों को बचाने के लिए समर्पित है। पिछले सात वर्षों (2018-मई 2024) के दौरान, आरपीएफ ने स्टेशनों और ट्रेनों में खतरे में पड़े या खतरे में पड़ने से 84,119 बच्चों को बचाया है। ‘नन्हे फरिश्ते’ सिर्फ एक ऑपरेशन से कहीं अधिक है; यह उन हजारों बच्चों के लिए एक जीवन रेखा है जो खुद को अनिश्चित परिस्थितियों में पाते हैं। 2018 से 2024 तक का डेटा, अटूट समर्पण, अनुकूलनशीलता और संघर्ष क्षमता की कहानी दर्शाता है। प्रत्येक बचाव समाज के सबसे असुरक्षित सदस्यों की सुरक्षा के लिए आरपीएफ की प्रतिबद्धता का एक प्रमाण है। वर्ष 2018 में ‘ऑपरेशन नन्हे फरिश्ते’ की महत्वपूर्ण शुरुआत हुई। इस वर्ष, आरपीएफ ने कुल 17,112 पीड़ित बच्चों को बचाया, जिनमें लड़के और लड़कियां दोनों शामिल हैं। बचाए गए 17,112 बच्चों में से 13,187 बच्चों की पहचान भागे हुए बच्चों के रूप में की गई, 2105 लापता पाए गए, 1091 बच्चे बिछड़े हुए, 400 बच्चे निराश्रित, 87 अपहृत, 78 मानसिक रूप से विक्षिप्त और 131 बेघर बच्चे पाए गए। वर्ष 2018 में इस तरह की पहल की तत्काल आवश्यकता को उजागर करते हुए ऑपरेशन के लिए एक मजबूत नींव रखी गई। वर्ष 2019 के दौरान, आरपीएफ के प्रयास लगातार सफल रहे और लड़कों और लड़कियों दोनों सहित कुल 15,932 बच्चों को बचाया गया। बचाए गए 15,932 बच्चों में से 12,708 भागे हुए, 1454 लापता, 1036 बिछड़े हुए, 350 निराश्रित, 56 अपहृत,…
भुवनेश्वर -कटक ट्विन सिटि खबरें
१-आज ट्विन सिटि में सभी जगन्नाथ मंदिरों में होगा सोना वेश २-कटक में सोना वेश मुख्य…
ओडिशा मौसम समाचार १९ जुलाई से बढ़ेगी लघुचापी बरसात
भुवनेश्वर, राज्य मौसम विभाग ने सूचना दी है कि राज्य में आगामी १९ जुलाई से लघुचाप…
केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह ने आज हरियाणा के महेंद्रगढ़ में आयोजित पिछड़ा वर्ग सम्मान सम्मेलन को संबोधित किया
केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह ने आज हरियाणा के महेंद्रगढ़ में आयोजित पिछड़ा…